गोमेद पत्थर 

                                       गोमेद पत्थर: गोमेद पत्थर एक रत्न है जिसका उपयोग वैदिक ज्योतिष के साथ साथ आयुर्वेद में भी किया जाता है। वैदिक ज्योतिष में, इसका बहुत महत्व है क्योंकि यह राहु ग्रह का प्रतिनिधित्व करता है और यह राहु की ऊर्जा और उसके प्रभाव को संतुलित करता है। जनवरी के महीने में पैदा हुए या कुंभ राशि राशि के लोग सफलता, धन, प्रसिद्धि, अच्छे स्वास्थ्य और आध्यात्मिक लाभ के लिए गोमेद पत्थर का उपयोग कर सकते हैं।

गोमेद पत्थर की सामान्य जानकारी

रासायनिक नामकैल्शियम एल्यूमिनियम सिलिकेट

रासायनिक सूत्रCa3 Al 2 (SiO4)3

अंग्रेज़ी नामहेसोनाइट गार्नेट & सिनेमन स्टोन

ग्रहराहु

लौकिक रंगपरा बैंगनी

चक्रसहस्र चक्र

उत्पादन स्रोतब्राजील, श्रीलंका और भारत

गोमेद पत्थर के पांच मुख्य लाभ हैं

  1. ध्यान: ध्यानतत्पर मनोदशा बढ़ाता है

  2. धन: वित्तीय समृद्धि बढ़ती है

  3. न्याय परायण जीवन: पुरुषों और महिलाओं को न्याय परायण बनाता है और उनकी नैतिकता को बनाए रखता है

  4. शारीरिक सुख: सांसारिक सुख संतुलित करता है

  5. निर्वाण: मुक्ति

 

गोमेद पहनने पर लाभ और प्रभाव

गोमेद मणि अर्थात्  गोमेद पत्थर को पहनने पर निम्नलिखित फ़ायदे होते हैं:

  1. मन को संतुलित करता है और मानसिक विकारों को रोकता है

  2. आध्यात्मिक संतुलन लाता है और आध्यात्मिक विकास में मदद करता है

  3. राहु के बुरे प्रभाव को समाप्त करता है और मानसिक अशांति और असमानताओं को रोकता है

  4. जीवन में सकारात्मक सोच और सकारात्मक ऊर्जा लाता है

  5. नकारात्मक ऊर्जा और स्पंदन से बचाता है

  6. ध्यान अवधि और एकाग्रता को बढ़ाता है

  7. गोमेद पत्थर मन को शांत करता है

  8. कार्य क्षेत्र में तरक्की को बढ़ाता है

  9. कुंभ राशि वाले लोगों के लिए अच्छा है

  10. गोमेद शोध में, सोचने में, रचनात्मक चीजें बनाने में अपने मन का उपयोग करने वाले लोगों के लिए लाभदायक है

गोमेद पत्थर को पहनने से रोगों का उपचार

गोमेद मणि अर्थात्  गोमेद पत्थर को पहनने पर निम्नलिखित रोगों में भी लाभ होता है:

  • वैवाहिक असामंजस्य

  • मानसिक अशांति

  • असुरक्षित व्यक्तित्व

  • हृदय की समस्याएं

  • अवसाद, चिंता, व्यग्रता और अन्य तनाव विकार

  • बाल झड़ना

  • मिर्गी

  • आँखों का संक्रमण

  • सिरदर्द

  • ह्रदय में घबराहट

  • उच्च रक्त चाप

  • बवासीर

  • कैंसर

  • थकान

  • शारीरिक और मानसिक कमजोरी